Sunday, October 18, 2026

*पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में 79वें नव आरक्षक बुनियादी प्रशिक्षण सत्र 2026–27 की प्रथम सेमेस्टर की प्रायोगिक परीक्षाएँ सम्पन्न*

 *पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में 79वें नव आरक्षक बुनियादी प्रशिक्षण सत्र 2026–27 की प्रथम सेमेस्टर की प्रायोगिक परीक्षाएँ सम्पन्न*

पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में पुलिस मुख्यालय के निर्देशानुसार, पुलिस अधीक्षक श्रीमती वाहनी सिंह के मार्गदर्शन में संचालित 79वें नव आरक्षक बुनियादी प्रशिक्षण सत्र 2026–27 की प्रथम सेमेस्टर की प्रायोगिक परीक्षाएँ दिनांक 12 अक्टूबर 2026 से प्रारंभ की गई थीं, जो दिनांक 17 अक्टूबर 2026 को सफलतापूर्वक सम्पन्न हुईं।

प्रायोगिक परीक्षाओं के अंतर्गत निर्धारित पाठ्यक्रम के अनुसार निम्नलिखित विषयों का मूल्यांकन किया गया—

पेपर क्रमांक 01: पुलिस की भूमिका, पुलिस संगठन एवं प्रशासन।
पेपर क्रमांक 04: संविधान, मानवाधिकार, समाज एवं अपराध।
पेपर क्रमांक 05: व्यक्तित्व विकास, मानव व्यवहार, संवाद कौशल एवं लेखन कौशल।
पेपर क्रमांक 06: कंप्यूटर जागरूकता एवं साइबर सुरक्षा।

इन प्रायोगिक परीक्षाओं का उद्देश्य पाठ्यक्रम प्रशिक्षण का मुल्यांकन करने के साथ ही प्रशिक्षु नव आरक्षकों के विषयगत ज्ञान, व्यावहारिक दक्षता, संवाद कौशल तथा तकनीकी समझ का आकलन करना है, ताकि वे प्रशिक्षण के दौरान अर्जित ज्ञान एवं कौशल का प्रभावी उपयोग अपने भावी पुलिस कर्तव्यों के निर्वहन में कर सकें। महाविद्यालय में संचालित सत्र 2026-27 में कुल 1134 महिला-पुरुष नव आरक्षक प्रशिक्षु प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं।
#

# पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में गरबा महोत्सव का भव्य आयोजन

# पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में गरबा महोत्सव का भव्य आयोजन

**इंदौर।** पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में पुलिस अधीक्षक श्रीमती वाहनी सिंह के निर्देशन में नवरात्रि पर्व के पावन अवसर पर गरबा महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इस सांस्कृतिक आयोजन में महाविद्यालय के 79वें नव आरक्षक बुनियादी प्रशिक्षण सत्र के प्रशिक्षु नव आरक्षकगण, पुलिस अधिकारी, कर्मचारी एवं उनके परिवारजन उत्साहपूर्वक सहभागिता कर रहे हैं।

गरबा महोत्सव के दौरान परिसर भक्तिमय एवं उत्सवमय वातावरण से सराबोर है। मां दुर्गा की आराधना, पारंपरिक गरबा नृत्य, संगीत और भक्ति से परिपूर्ण प्रस्तुतियां आयोजन को विशेष आकर्षण प्रदान कर रही हैं। पारंपरिक परिधानों में सजे प्रतिभागियों की उत्साहपूर्ण सहभागिता से महोत्सव की छटा और भी मनोहारी हो उठी है।

यह आयोजन केवल धार्मिक आस्था एवं सांस्कृतिक परंपराओं का उत्सव ही नहीं, बल्कि पुलिस परिवार के सदस्यों के बीच आपसी सौहार्द, एकता, समरसता एवं पारिवारिक आत्मीयता को सुदृढ़ करने का भी महत्वपूर्ण अवसर है। प्रशिक्षण की नियमित दिनचर्या के बीच इस प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रशिक्षुओं में सकारात्मक ऊर्जा, उत्साह एवं सामूहिक सहभागिता की भावना विकसित करने में सहायक होते हैं।

पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में आयोजित यह गरबा महोत्सव भारतीय संस्कृति, शक्ति उपासना और सामाजिक समरसता की जीवंत अभिव्यक्ति बनकर सभी के लिए आनंद, उमंग एवं आध्यात्मिक उल्लास का वातावरण निर्मित कर रहा है।

Sunday, October 4, 2026

*पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में हार्टफूलनेस ध्यान सत्र का आयोजन*

*पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में हार्टफूलनेस ध्यान सत्र का आयोजन*

आज दिनांक 04.10.2026 दिन रविवार को पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में पुलिस महानिरीक्षक (भोपाल ग्रामीण) श्रीमती रूचिवर्धन मिश्र के मुख्य आतिथ्य और मार्गदर्शन में तथा पुलिस अधीक्षक श्रीमती वाहनी सिंह पीटीसी इंदौर के निर्देशन में प्रशिक्षु नव आरक्षकों एवं पुलिस अधिकारियों/कर्मचारियों के मानसिक स्वास्थ्य, तनाव प्रबंधन और सकारात्मक जीवन शैली को बढ़ावा देने के उद्देश्य से हार्टफूलनेस ध्यान का सामूहिक सत्र आयोजित किया गया। इस ध्यान सत्र कार्यक्रम में, प्रशिक्षणरत करीब 1135 नव आरक्षक प्रशिक्षु एवं पीटीसी के अधिकारी/कर्मचारी शामिल हुए।
कार्यक्रम का शुभारंम पुलिस अधीक्षक श्रीमती वाहनी सिंह व्दारा मुख्य अतिथि श्रीमती रूचिवर्धन मिश्र को पुष्पगुच्छ से स्वागत करते हुए किया गया। इसके पश्चात प्रशिक्षुओं व्दारा हार्टफूलनेस संस्थान की टीम का भी पुष्पगुच्छ से स्वागत किया गया। पुलिस अधीक्षक पीटीसी इंदौर व्दारा मुख्य अतिथि महोदया को 79वें प्रशिक्षण सत्र की प्रशिक्षण गतिविधियों की जानकारी देते हुए प्रशिक्षणार्थियों से रूबरू कराया गया। मुख्य अतिथि व्दारा प्रशिक्षणार्थियों से संवाद करते हुए, अपने उद्बोधन में ध्यान की प्रक्रिया और उसकी उपयोगिता के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि पुलिसिंग के पारंपरिक/व्यवसायिक ज्ञान के साथ ही आपके व्यवहार, एकाग्रता और प्रतिक्रिया के बहुत मायने है। पुलिसिंग करते हुए अपने शरीर और मन को नकारात्मकता से प्रभावित नहीं होने देने की क्षमता, ध्यान और योग के माध्यम से प्राप्त की जा सकती है। ध्यान बहुत महत्वपूर्ण स्किल है, जो हमें अपने आप से परिचित कराता है। हार्टफूलनेश ध्यान की चार तकनीक है- रिलेक्सेशन, मेडिटेशन, क्लिनिंग और प्रेयर। आज के समय में बहुत ज्यादा डिस्ट्रेक्शन है, जिसके कारण व्यक्ति अपनी पूर्ण क्षमता से कार्य कर नहीं पाता है। हम एकाग्रतापूर्वक कार्य कर बेहतर परिणाम दे सकते है। ध्यान को अपना कर हम अपने जीवन को सकारात्मक और खुशहाल बना सकते है। मुख्य अतिथि के उद्बोधन के बाद सभी अतिथियों, प्रशिक्षुओं और पीटीसी स्टाफ ने हार्टफूलनेस ध्यान का सामूहिक अभ्यास किया। कार्यक्रम के समापन पर पुलिस अधीक्षक श्रीमती वाहनी सिंह व्दारा मुख्य अतिथि महोदया को मोमेंटो भेंट किया गया। उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती राममूर्ति शाक्य द्वारा आभार व्यक्त किया गया। इस कार्यक्रम में हार्टफूलनेस संस्था से श्री गजेंद्र जी एवं उनकी टीम, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती आरती सिंह, उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती शैलजा पटवा तथा पीटीसी के सभी अधिकारी/कर्मचारी तथा 79वें प्रशिक्षण सत्र के प्रशिक्षु नवआरक्षक गण उपस्थित रहे।

Saturday, September 26, 2026

**पीटीसी इंदौर में नव आरक्षकों के लिए एसबीआई पुलिस सैलरी पैकेज जागरूकता सत्र आयोजित*आज दिनांक 25 सितंबर 2026

**पीटीसी इंदौर में नव आरक्षकों के लिए एसबीआई पुलिस सैलरी पैकेज जागरूकता सत्र आयोजित*

आज दिनांक 25 सितंबर 2026
को पुलिस मुख्यालय, भोपाल के निर्देशानुसार पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय (पीटीसी), इंदौर में पुलिस अधीक्षक श्रीमती वाहनी सिंह के मार्गदर्शन में 79वें सत्र के नव आरक्षक प्रशिक्षुओं के लिए भारतीय स्टेट बैंक (SBI) द्वारा पुलिस सैलरी पैकेज (PSP) विषय पर विशेष जागरूकता सत्र आयोजित किया गया।

कार्यक्रम में सेवानिवृत्त अपर महानिदेशक, सीमा सुरक्षा बल (BSF) एवं एसबीआई के सर्कल एडवाइजर श्री एन.एस. जमवाल ने नव आरक्षक प्रशिक्षुओं को पुलिस सैलरी पैकेज के विभिन्न लाभों, वित्तीय प्रबंधन एवं बचत के उपायों के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की।

एसबीआई अधिकारियों द्वारा पुलिस सैलरी पैकेज के अंतर्गत उपलब्ध निःशुल्क दुर्घटना बीमा कवर, बैंकिंग सुविधाओं एवं एसबीआई जनरल इंश्योरेंस की विभिन्न योजनाओं के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई। प्रशिक्षुओं को बेहतर वित्तीय नियोजन, नियमित बचत तथा बैंकिंग सुविधाओं के सुरक्षित एवं प्रभावी उपयोग के संबंध में भी जागरूक किया गया।

कार्यक्रम में एसबीआई एओ इंदौर के सहायक महाप्रबंधक श्री धीरेंद्र कुमार, आरबीओ-1 इंदौर के मुख्य प्रबंधक श्री राजेश शर्मा, सीएसआरएम श्री सतीश कौंडर एवं एसबीआई जनरल इंश्योरेंस के बीडीएम श्री यश जैन उपस्थित रहे।

सत्र के दौरान नव आरक्षक प्रशिक्षुओं द्वारा पुलिस सैलरी पैकेज, बीमा एवं अन्य बैंकिंग सुविधाओं से संबंधित विभिन्न प्रश्न एवं जिज्ञासाएं रखी गईं, जिनका एसबीआई अधिकारियों द्वारा समाधान किया गया।

इस जागरूकता सत्र का उद्देश्य नव आरक्षक प्रशिक्षुओं को वित्तीय रूप से जागरूक बनाना, बचत एवं वित्तीय नियोजन के प्रति प्रोत्साहित करना तथा पुलिस सैलरी पैकेज के माध्यम से उपलब्ध विभिन्न बैंकिंग एवं बीमा सुविधाओं की जानकारी प्रदान करना रहा।

कार्यक्रम से पीटीसी इंदौर के पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी तथा 79वें सत्र के नव आरक्षक प्रशिक्षु लाभान्वित हुए।

Saturday, September 12, 2026

पुलिस उप महानिरीक्षक प्रशिक्षण का भ्रमण*

**पुलिस उप महानिरीक्षक प्रशिक्षण का भ्रमण*
आज दिनांक 18 अगस्त 2026 को पुलिस उप महानिरीक्षक प्रशिक्षण श्री मनीष अग्रवाल का पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इन्दौर में आगमन हुआ। पुलिस अधीक्षक, पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इन्दौर श्रीमती वाहनी सिंह द्वारा उनका स्वागत किया गया।
तत्पश्चात् पुलिस उप महानिरीक्षक प्रशिक्षण श्री मनीष अग्रवाल द्वारा पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय परिसर स्थित अहिल्या छात्रावास, विवेकानन्द छात्रावास, नेहरू छात्रावास एवं मेस का निरीक्षण किया गया तथा व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया।
इस अवसर पर श्री मनीष अग्रवाल, पुलिस उप महानिरीक्षक प्रशिक्षण द्वारा पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इन्दौर में संचालित नव आरक्षक बुनियादी प्रशिक्षण सत्र के संबंध में अधिकारियों को आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया गया। उन्होंने प्रशिक्षण की गुणवत्ता, अनुशासन एवं प्रशिक्षुओं की समुचित व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान देने हेतु निर्देशित किया।
भ्रमण के दौरान पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इन्दौर में पदस्थ उप पुलिस अधीक्षक श्रीमती राममूर्ति शाक्य, उप पुलिस अधीक्षक श्री नलिन बुधौलिया, उप पुलिस अधीक्षक श्री कुंवरलाल बरकड़े, उप पुलिस अधीक्षक श्री सुरेश मौर्य सहित समस्त अधिकारी/कर्मचारी उपस्थित रहे।

पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन*




*पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय, इंदौर में निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन*

पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय (पीटीसी), इंदौर में पुलिस अधीक्षक श्रीमती वाहनी सिंह के मार्गदर्शन में बॉम्बे हॉस्पिटल, राजस आई हॉस्पिटल, अग्रवाल आई हॉस्पिटल, मेपल हॉस्पिटल तथा गवर्मेन्ट डेन्टल कॉलेज के संयुक्त तत्वाधान में विभिन्न चिकित्सा विशेषज्ञों के सहयोग से आज दिनांक 12/09/2026 को निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में पीटीसी में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे करीब 1100 नव आरक्षक प्रशिक्षुगण, पीटीसी स्टाफ तथा उनके परिजनों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया एवं उन्हें आवश्यक चिकित्सकीय परामर्श एवं मार्गदर्शन प्रदान किया गया।

शिविर में उक्त अस्पतालों से डॉ. देवांश गोयल – ऑर्थोपेडिक सर्जन, डॉ. सुरभि गोधा – ईएनटी सर्जन, डॉ. रजत केडिया – ईएनटी सर्जन, डॉ. कविता गुप्ता घडाले – स्त्री रोग विशेषज्ञ, डॉ. तनु सोनी – स्त्री रोग विशेषज्ञ, डॉ. नमन जैन – बाल एवं शिशु रोग विशेषज्ञ, डॉ. दिवाकर जैन – कैंसर रोग विशेषज्ञ, डॉ. नागेश पाटीदार – नेत्र रोग विशेषज्ञ, डाॅ. वीरेंद्र गुर्जर – नेत्र रोग विशेषज्ञ, डॉ. सुरेखा अरोड़ा, त्वचा रोग विशेषज्ञ, डॉ. मेविल जेशन – दंत रोग विशेषज्ञ, डॉ. महिमा ठाकुर, डॉ. बलवंत सिंह, डॉ. आकांक्षा, डॉ. अखिल गर्ग, डॉ. मनोज जैन, डॉ. कुलदीप राणा, डॉ. भावना नीमा, डॉ. विनिता गुप्ता, डॉ. पंकज शर्मा, डॉ. मोहित पाटीदार, डॉ. हिमांशी, डॉ. निशागी सधवानी, डॉ. वर्षा गायके, डॉ. पूजा पालिवाल, डॉ. कृतिका सिसोदिया एवं डॉ. कल्पना गर्ग ने अपना अपूर्व योगदान देकर स्वास्थ्य परीक्षण किया। स्वास्थ्य शिविर का शुभारंभ पुलिस अधीक्षक श्रीमती वाहनी सिंह की अध्यक्षता में समस्त चिकित्सा विशेषज्ञों का आत्मिय स्वागत करते हुए किया गया। स्वास्थ्य शिविर के दौरान विभिन्न प्रकार की स्वास्थ्य संबंधी जांचे एवं स्वास्थ्य परिक्षण किया गया। इसके अतिरिक्त डाइटिशियन द्वारा प्रशिक्षुओं, पुलिसकर्मियों एवं उनके परिजनों को दैनिक खान-पान, पोषण एवं स्वस्थ जीवनशैली से संबंधित आवश्यक सलाह प्रदान की गई। इस स्वास्थ्य परीक्षण शिविर में लगभग 1300 नव आरक्षक प्रशिक्षुओं, पुलिसकर्मियों व उनके परिजनों ने स्वास्थ्य लाभ लिया। स्वास्थ्य चिकित्सा परीक्षण शिविर के सफल आयोजन में डॉ. नरेंद्र शाक्य, यूनिट चिकित्सा अधिकारी, पीटीसी के समस्त राजपत्रित पुलिस अधिकारी और पीटीसी स्टाफ का विशेष सहयोग रहा।